我可能不会爱你

जर्जर हो रहे हैं विद्यालय, छात्रों की सुरक्षा के सवाल पर कब जागेगा पंचकूला प्रशासन_我的网站

十万个冷笑话2

A |     संवाद सहयोगी, मोरनी। मोरनी क्षेत्र के विद्यालय वर्षों से मरम्मत के अभाव में बदहाली झेल रहे हैं। देखभाल के अभाव में इन भवनों की स्थिति चिंताजनक हो गई है। दीवारों का प्लास्टर टूटकर गिर रहा है और जगह-जगह लेंटर से सरिया निकलकर बाहर आ गया है, जो बच्चों की सुरक्षा के लिए खतरा बन चुका है।,विभाग की ओर से भवन की वास्तविक मरम्मत करवाने के बजाय केवल रंग–रोगन करके इन्हें चमकाने का प्रयास किया जाता है, जिससे समस्या जस की तस बनी हुई है। मोरनी खंड के अनेक स्कूलों में न तो भवनों की दशा सुधरी है और न ही फर्नीचर की स्थिति बेहतर है। कमरों की छतों से सीमेंट व प्लास्टर के टुकड़े गिर रहे हैं। कई स्कूलों के शौचालय क्षतिग्रस्त हैं जिनकी तत्काल रिपेयर की आवश्यकता हैं।,ठंडोग पंचायत के प्राथमिक विद्यालय थाना–बडयाल स्कूल इन स्कूलों में से एक है। यहां का भवन बेहद पुराना है और इसका प्लास्टर आज तक ठीक नहीं किया गए। एक शौचालय डैमेज किया हुआ है उसकी हालत इस कदर खराब है कि इसकी छत से प्लास्टर के टुकड़े गिरते रहते है। कमरों के ऊपर सुरक्षा के लिए डाले गए बीम का सरिया निकल चुका है जिसे पेंट से छुपाया जाता है।,विद्यालय का आंगन अभी तक पक्का नहीं बन पाया है, जिससे बच्चों को बारिश के मौसम में कीचड़ और कंकड़ पत्थरों से परेशानी झेलनी पड़ती है। स्कूल के नीचे सड़क की तरफ से बारिश की बाद पहाड़ी का एक बड़ा हिस्सा भूस्खलन के कारण गिर गया है जिससे स्कूल को भी खतरा पैदा हो गया है। लोक निर्माण विभाग को विद्यालय ने अवगत करवाया लेकिन अभी तक इस खतरे के प्रति कोई सचेत नहीं हुआ।,थाना–बडयाल के इस स्कूल में कक्षाओं की छतों में सीलन के कारण लगातार सीमेंट झड़ रहा है, जिससे छात्रों को चोट लगने की आशंका बनी रहती है। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि दीवारों पर काई जमी हुई है और प्रशासन की लापरवाही के कारण भवन की स्थिति दिन-प्रतिदिन खराब होती जा रही है।,इसी स्कूल के साथ लगते एक अन्य प्राथमिक स्कूल मोडी– कडेरन में भी स्थिति कुछ ऐसी ही है जहां भवन की दीवारों में बड़े बड़े क्रैक और दरारें इसके ढहने की ओर संकेत कर रही हैं। स्कूल की दीवारों पर काई जमी हुई है और इनकी मरम्मत की अभिभावक अनेकों बार मांग कर चुके हैं,ग्रामीणों ने यह भी सवाल उठाया कि ऐसे माहौल में आखिर वे अपने बच्चों को स्कूल भेजने का साहस कैसे करें। ग्रामीणों ने मांग की है कि विभाग जल्द स्कूलों की मरम्मत कराए और बच्चों को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध करवाए, ताकि संभावित खतरे से उनका बचाव हो सके।。      北京8月20日电(记者朱高祥)记者8月20日从民政部获悉,民政部、财政部近日联合印发《关于积极发展服务类社会救助的指导意见》。

B | 这是社会救助法颁布实施后的首个配套政策文件,将推动社会救助由单一物质救助方式向“物质+服务”综合救助模式转变,更好发挥社会救助“保基本、防风险、促发展”作用。  服务类社会救助是通过提供服务实施社会救助的一种方式,主要面向有需求的各类社会救助对象,以满足其依靠自身能力难以获取的基本生活方面的服务需求。意见明确,现阶段各地可根据实际将分散供养特困人员和最低生活保障家庭成员作为重点对象,有针对性地提供服务类社会救助。  摸清困难群众需求是开展服务类社会救助的前提。意见提出建立服务类社会救助需求评估体系,要科学设置需求评估指标,细化评估标准;要结合社会救助对象认定和动态管理工作,同步开展服务类社会救助需求评估,做到定期梳理、更新需求台账。  在制定服务类社会救助供给清单方面,意见提出,各地要结合本地经济社会发展水平、政府财政承受能力、社会救助对象服务需求、服务资源供给能力等因素,编制服务类社会救助供给清单,有针对性地为救助对象提供照护服务、生活服务、关爱服务等;要求制定清单量力而行,与各项社会福利制度和社会保险制度做好统筹衔接。  意见还就积极引导社会力量有序参与、合理确定筹资渠道和服务模式作出要求。

C | 意见提出建立健全政府主导、多元参与的服务类社会救助工作机制;充分利用一般公共预算资金、彩票公益金、社会捐赠等现有资源合理确定服务类社会救助资金筹措渠道,并根据救助对象类型、困难程度等,按需匹配服务模式。

Current article:http://lxdik9b.dinggaxilianmaiyuejienianguai.shop/ub92osa/5w2.html

Published on:17:18:38